मुनि सम्मलेन : हीरालाल शर्मा | Muni Sammelan : by Hiralal Sharma Hindi PDF Book

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“यदि आपको सफलता की अपेक्षा है तो इसका लक्ष्य न बनाएं; अपितु वही करें जो आपको प्रिय है और विश्वास रखें और स्वाभाविक रूप से आप इसे हासिल कर सकेगें।” ‐ डेविड फ्रास्ट
“Don’t aim for success if you want it; just do what you love and believe in, and it will come naturally.” ‐ David Frost

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मुनि सम्मलेन : हीरालाल शर्मा द्वारा हिंदी पीडीऍफ पुस्तक | Muni Sammelan : by Hiralal Sharma Hindi PDF Book

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पुस्तक का नाम / Name of Book : मुनि सम्मलेन / Muni Sammelan

पुस्तक के लेखक / Author of Book : हीरालाल शर्मा / Hiralal Sharma

पुस्तक की भाषा / Language of Book : हिंदी / Hindi

पुस्तक का आकर / Size of Ebook : 2.0 MB

कुल पन्ने / Total pages in ebook : 60

पुस्तक डाउनलोड स्थिति / Ebook Downloading Status  : Best 

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पुस्तक का विवरण : परलोकवासी प्रातः स्मरणीय जैनाचार्य न्यायांभोनिधि श्री १००८ श्रीमाद्विजयानंद सूरीश्वर (श्री आत्मारामजी) महाराज के साधुओं की १३ जून सन १९१२ गुरुवार को देश गुजरात राजधानी वदौदा उपाश्रय जानिशेरी में एक महती सभा हुई थी…………..

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Description about eBook : On the 13th of June, 1912, the great saints of Gujarat’s capital, Vadodara Upadhyay Janisree, held a grand meeting on the occasion of Parlokvashir Prasna Memorial Memorial Jury Honor of Sri Sri Shri Shrimad Vijayananda Surishwar (Shri Atmaramji)………………

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One Quotation / एक उद्धरण
“मीठे शब्द शहद की तरह होते हैं, अल्प मात्रा में ताज़गी देते हैं लेकिन अति से पेट में अपच हो जाती है।”
– ऐन ब्रेडस्ट्रीट


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“Sweets words are like honey, a little may refresh but too much gluts the stomach.”
– Anne Bradstreet

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